योएल

भगवान का आगमन

जोएल की पुस्तक यहूदी धर्मग्रंथ और ईसाई पुराना निरर्णय है। यह पुस्तक एक समूह है जिसमें भविष्यवाणियाँ और शिक्षाएँ शामिल हैं जो भविष्यवाणिक जोएल को समर्पित हैं, जो 8वीं या 9वीं शताब्दी ईसा पूर्व में जूदा की जनता के लिए एक भगवान से पूर्वक निरर्णय करने वाले भविष्यवाणी थे। जोएल की पुस्तक भगवान के लोगों की न्याय और विमोचन, मसीह की आमद, और भगवान के राज्य की पुनर्स्थापना जैसे विषयों पर आधारित है। इस पुस्तक में आने वाले एक महान निरर्णय के दिन, के साथ ही भगवान के राज्य की भविष्य की पुनर्स्थापना और समृद्धि के विचार भी शामिल है।

व्याख्या

3 अध्याय
जोएल की पुस्तक यहूदी धर्मग्रंथ और ईसाई पुराना निरर्णय है। यह पुस्तक एक समूह है जिसमें भविष्यवाणियाँ और शिक्षाएँ शामिल हैं जो भविष्यवाणिक जोएल को समर्पित हैं, जो 8वीं या 9वीं शताब्दी ईसा पूर्व में जूदा की जनता के लिए एक भगवान से पूर्वक निरर्णय करने वाले भविष्यवाणी थे। जोएल की पुस्तक भगवान के लोगों की न्याय और विमोचन, मसीह की आमद, और भगवान के राज्य की पुनर्स्थापना जैसे विषयों पर आधारित है। इस पुस्तक में आने वाले एक महान निरर्णय के दिन, के साथ ही भगवान के राज्य की भविष्य की पुनर्स्थापना और समृद्धि के विचार भी शामिल है।