उत्पत्ति 49:31

““वहाँ अब्राहम और उसकी पत्‍नी सारा को मिट्टी दी गई थी; और वहीं इसहाक और उसकी पत्‍नी रिबका को भी मिट्टी दी गई; और वहीं मैंने लिआ को भी मिट्टी दी।”
— उत्पत्ति 49:31 (Eliot Indian Bible)

इस पद को साझा करें

संदर्भ: उत्पत्ति 49

29तब उसने यह कहकर उनको आज्ञा दी, “मैं अपने लोगों के साथ मिलने पर हूँ: इसलिए मुझे हित्ती एप्रोन की भूमिवाली गुफा में मेरे बाप-दादों के साथ मिट्टी देना,

30अर्थात् उसी गुफा में जो कनान देश में मम्रे के सामने वाली मकपेला की भूमि में है; उस भूमि को अब्राहम ने हित्ती एप्रोन के हाथ से इसलिए मोल लिया था, कि वह कब्रिस्तान के लिये उसकी निज भूमि हो।

31“वहाँ अब्राहम और उसकी पत्‍नी सारा को मिट्टी दी गई थी; और वहीं इसहाक और उसकी पत्‍नी रिबका को भी मिट्टी दी गई; और वहीं मैंने लिआ को भी मिट्टी दी।

32वह भूमि और उसमें की गुफा हित्तियों के हाथ से मोल ली गई।”

33याकूब जब अपने पुत्रों को यह आज्ञा दे चुका, तब अपने पाँव खाट पर समेट प्राण छोड़े, और अपने लोगों में जा मिला।

उत्पत्ति 49 के बारे में: याकूब की आशीर्वाद और मृत्यु

उत्पत्ति 49: याकूब की आशीर्वाद और मृत्यु

याकूब अपने बारह पुत्रों को आशीर्वाद देते हैं, प्रत्येक को उनके वंशजों के बारे में एक भविष्यवाणी देते हैं।

व्याख्या

उत्पत्ति अध्याय 49 जेकब द्वारा उनके बारह पुत्रों को दिया गया एक भविष्यवाणी आशीर्वाद है। जेकब अपने जीवन के अंत के करीब हैं और अपने वंश को अपने पुत्रों को सौंपने के लिए तैयार कर रहे हैं। उन्होंने शुरू में रेवन को आशीर्वाद देना शुरू किया, जो उनका दूसरा पुत्र है, फिर हर एक पुत्र को आशीर्वाद देने लगते हैं। उन्होंने उनकी ताकतों और कमजोरियों के बारे में बोला, और उनके पीछे आने वाले संतानों के भविष्य के बारे में।

जेकब का यहूदा का आशीर्वाद विशेष रूप से महत्वपूर्ण है। उन्होंने यहूदा की ताकत और साहस के बारे में बोला, और उनके पीछे आने वाले अपने शत्रुओं पर शासन करने के बारे में। उन्होंने अगले मसीह के आने के बारे में भी बोला, जो यहूदा की जाति का होगा। यह भविष्य पूरा होता है नए नियम में, जब यीशु, जो दाऊद की वंशज यानि यहूदा के वंशज से जन्म लेते हैं।

उत्पत्ति 49 में लोग